मत्स्य उत्पादन बढ़ाने पर जोर, ग्राम कोसमी में हुई एकदिवसीय संगोष्ठी

14 Jan, 2026 70 व्यूज
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नायक दर्पण/बालाघाट।
संभागीय मत्स्य विभाग जबलपुर के मार्गदर्शन एवं उपसंचालक मत्स्य विभाग बालाघाट के निर्देशन में रिलायंस फाउंडेशन के सहयोग से ग्राम कोसमी में प्राथमिक जयबजरंग मछुआ सहकारी समिति मर्यादित खमरिया के मत्स्य पालकों हेतु एकदिवसीय मत्स्य संगोष्ठी का आयोजन किया गया। संगोष्ठी का उद्देश्य मत्स्य पालकों को वैज्ञानिक एवं तकनीकी पद्धति से मत्स्य पालन की जानकारी देकर उत्पादन में वृद्धि करना तथा मछलियों को रोगों से बचाव के उपायों से अवगत कराना रहा।
कार्यक्रम में मत्स्य निरीक्षक श्री विजय कुमार मेश्राम ने किसानों को मत्स्य पालन की बारीकियों की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि तालाबों में जल का पीएच स्तर समय-समय पर जांचना आवश्यक है। तालाब का पानी हरा होने पर काई जमने की संभावना रहती है, जो मछलियों के लिए हानिकारक होती है। इससे बचाव के लिए नियमित साफ-सफाई जरूरी है। उन्होंने प्रति एकड़ तालाब में लगभग 250 किलोग्राम चूने के छिड़काव की सलाह दी, जिससे तलहटी में पनप रही हरिकाई नष्ट होती है और फंगस संक्रमण से मछलियों की सुरक्षा होती है।श्री मेश्राम ने तालाब एवं मछलियों का निरीक्षण कर रोगों के लक्षणों की जानकारी भी दी। उन्होंने तालाब की मेढ़ पर उगने वाली बेशरम नामक विषैली झाड़ी को हटाने पर जोर देते हुए कहा कि यह पानी को विषैला कर सकती है। साथ ही उन्होंने हर 15 दिवस में जाल डालकर मछलियों के निरीक्षण की सलाह दी, जिससे रोगों की प्रारंभिक पहचान कर समय पर उपचार संभव हो सके। उन्होंने किसान क्रेडिट कार्ड बनवाने के लिए भी किसानों को प्रेरित किया और आवश्यक दस्तावेजों की जानकारी दी।
कार्यक्रम के दौरान रिलायंस फाउंडेशन से श्री अनिल रैदास ने बताया कि मत्स्य पालकों को डिजिटल माध्यम से मत्स्य विभाग की योजनाओं से जोड़ा जाएगा। इसके अंतर्गत ऑडियो एवं वीडियो कॉन्फ्रेंस, ध्वनि संदेश, यूट्यूब लाइव कार्यक्रम और व्हाट्सएप ग्रुप के माध्यम से नियमित जानकारी एवं समस्याओं का समाधान उपलब्ध कराया जाएगा।इस अवसर पर मछुआ समिति कोसमी एवं खमरिया के किसान, समिति अध्यक्ष श्री योगराज, सचिव श्री ओमप्रकाश शांडिल्य, श्री भुनेश्वर कोपे तथा विभाग से श्री रामकिशोर मर्शकोले सहित अन्य मत्स्य पालक उपस्थित रहे।